-
तुम्हें जिंदगी के उजाले मुबारक!
अपने यूट्यूब चैनल के माध्यम से आज मैं अपने स्वर में मुकेश जी का यह गीत शेयर कर रहा हूँ- तुम्हें जिंदगी के उजाले मुबारक अंधेरे हमें आज रास आ गए हैं !फिल्म- पूर्णिमा मुख्य कलाकार- धर्मेंद्र, मीना कुमारी गीतकार- गुलज़ार संगीतकार- कल्याणजी आनंदजी गायक- मुकेश प्रस्तुति- श्रीकृष्ण शर्मा आशा है आपको यह पसंद आएगा,धन्यवाद।…
-
बिखरे हैं पर!
आज मैं श्रेष्ठ हिंदी कवि स्वर्गीय हरीश निगम जी की एक रचना शेयर कर रहा हूँ। निगम जी की कुछ रचनाएं मैंने पहले भी शेयर की हैं। आज प्रस्तुत हैं स्वर्गीय हरीश निगम जी का यह नवगीत- खाली पिंजराडोल रहाओसारे में! चला गयासुगनाबिखरे हैं परटीसों केमौसम सेगए ठहरफ़र्क न लगताशाम-सुबहअंधियारे में! फेरे हैंदिन-भरपरछाईं के आए…
-
सिगरेट जलाई शे’र कहे!
अब मा-हसल हयात का बस ये है ऐ ‘सलाम’,सिगरेट जलाई शे’र कहे शादमाँ हुए| सलाम मछली शहरी
-
आज तुझसे दूर होकर!
मेरे यूट्यूब चैनल के माध्यम से आज प्रस्तुत हैं मेरे स्वर में , मुकेश जी का गाया यह गीत- आज तुझसे दूर होकर ऐसे रोया मेरा प्यार ! फिल्म- एक रात मुख्य कलाकार- शेख मुख्तार. सिमि ग्रेवालगीतकार – अंजानसंगीतकार- उषा खन्ना गायक- मुकेश प्रस्तुति- श्रीकृष्ण शर्मा आशा है आपको यह पसंद आएगा,धन्यवाद। *****
-
मेरी नज़र की छाँव में!
मेरी नज़र से आज गुरेज़ाँ है गुलसिताँ, मेरी नज़र की छाँव में ग़ुंचे जवाँ हुए| सलाम मछली शहरी