Skip to content

SamaySakshi

A sky full of cotton beads like clouds

    • 81. सरेआम अमानवीयता
    • Activity
    • Members
    • Sample Page
    • Sample Page
    • Sample Page
    • About
    • Contact
  • 12th Aug 2022

    ज़रा सी हवा के चलते ही!

    खुल गए शहर-ए-ग़म के दरवाज़े, इक ज़रा सी हवा के चलते ही| मुनीर नियाज़ी

  • 12th Aug 2022

    बुझ गया दिल चराग़ जलते ही!

    आ गई याद शाम ढलते ही, बुझ गया दिल चराग़ जलते ही| मुनीर नियाज़ी

  • 12th Aug 2022

    मिसाल में मिला मुझे!

    तमाम इल्म ज़ीस्त का गुज़िश्तगाँ से ही हुआ, अमल गुज़िश्ता दौर का मिसाल में मिला मुझे| मुनीर नियाज़ी

  • 12th Aug 2022

    वो मलाल में मिला मुझे!

    गया तो इस तरह गया कि मुद्दतों नहीं मिला, मिला जो फिर तो यूँ कि वो मलाल में मिला मुझे| मुनीर नियाज़ी

  • 12th Aug 2022

    जवाब भी, सवाल में मिला मुझे!

    ख़याल जिसका था मुझे, ख़याल में मिला मुझे, सवाल का जवाब भी, सवाल में मिला मुझे| मुनीर नियाज़ी

  • 12th Aug 2022

    रे मन!

    एक बार फिर से मैं आज भारतीय स्वाधीनता संग्राम को अपनी वाणी प्रदान करने वाले स्वर्गीय सोहन लाल द्विवेदी जी की एक कविता शेयर कर रहा हूँ| द्विवेदी जी की कई कविताएं मैं पहले भी शेयर कर चुका हूँ|लीजिए आज प्रस्तुत है स्वर्गीय सोहन लाल द्विवेदी जी की यह कविता – प्रबल झंझावत में तूबन…

  • 11th Aug 2022

    पूछा हाल कुछ ऐसी अदा के साथ!

    ऐसा लगा ग़रीबी की रेखा से हूँ बुलंद, पूछा किसी ने हाल कुछ ऐसी अदा के साथ| कैफ़ी आज़मी

  • 11th Aug 2022

    जाग उट्ठे हैं आवाज़-ए-पा के साथ!

    इक्कीसवीं सदी की तरफ़ हम चले तो हैं, फ़ित्ने भी जाग उट्ठे हैं आवाज़-ए-पा के साथ| कैफ़ी आज़मी

  • 11th Aug 2022

    आ गए होते सबा के साथ!

    रक़्स-ए-सबा के जश्न में हम तुम भी नाचते, ऐ काश तुम भी आ गए होते सबा के साथ| कैफ़ी आज़मी

  • 11th Aug 2022

    मगर नाख़ुदा के साथ!

    गर डूबना ही अपना मुक़द्दर है तो सुनो, डूबेंगे हम ज़रूर मगर नाख़ुदा के साथ| कैफ़ी आज़मी

←Previous Page
1 … 1,028 1,029 1,030 1,031 1,032 … 1,385
Next Page→

Blog at WordPress.com.

Privacy & Cookies: This site uses cookies. By continuing to use this website, you agree to their use.
To find out more, including how to control cookies, see here: Cookie Policy
  • Subscribe Subscribed
    • SamaySakshi
    • Join 1,143 other subscribers.
    • Already have a WordPress.com account? Log in now.
    • SamaySakshi
    • Subscribe Subscribed
    • Sign up
    • Log in
    • Report this content
    • View site in Reader
    • Manage subscriptions
    • Collapse this bar