Skip to content

SamaySakshi

A sky full of cotton beads like clouds

    • 81. सरेआम अमानवीयता
    • Activity
    • Members
    • Sample Page
    • Sample Page
    • Sample Page
    • About
    • Contact
  • 19th Dec 2024

    स्वप्न!

    आज मैं श्रेष्ठ हिंदी कवि स्वर्गीय राजेंद्र प्रसाद सिंह जी की एक कविता शेयर कर रहा हूँ। इनकी कोई रचना मैंने पहले शेयर नहीं की है। लीजिए आज प्रस्तुत है स्वर्गीय राजेंद्र प्रसाद सिंह जी की यह कविता – स्वप्न…कच्ची नींद का पाहुन,बेवफ़ा है,– दीठ से…भागेपीठ-पीछे कोसने कोबंद पलकों मेंसदा जागे,एक खुशबू से बदल दे…

  • 18th Dec 2024

    रोने के बाद कुछ हमें !

    पलकों पे अब नहीं है वो पहला सा बार-ए-ग़म,रोने के बा’द कुछ हमें आराम भी तो है| क़तील शिफ़ाई

  • 18th Dec 2024

    आँखें हर इक हसीन!

    आँखें हर इक हसीन की बे-फ़ैज़ तो नहीं,कुछ सागरों में बादा-ए-गुलफ़ाम भी तो है| क़तील शिफ़ाई

  • 18th Dec 2024

    अच्छा सही ‘क़तील’!

    उस पर तुम्हारे प्यार का इल्ज़ाम भी तो है,अच्छा सही ‘क़तील’ प बदनाम भी तो है| क़तील शिफ़ाई

  • 18th Dec 2024

    जब दिल जले तो!

    ले दे के अब यही है निशान-ए-ज़िया ‘क़तील’,जब दिल जले तो इस को दिया कह लिया करो| क़तील शिफ़ाई

  • 18th Dec 2024

    हर ज़ुल्म को रज़ा!

    अपने लिए अब एक ही राह-ए-नजात है,हर ज़ुल्म को रज़ा-ए-ख़ुदा कह लिया करो| क़तील शिफ़ाई

  • 18th Dec 2024

    इंसान का अगर क़द!

    इंसान का अगर क़द-ओ-क़ामत न बढ़ सके,तुम इस को नक़्स-ए-आब-ओ-हवा कह लिया करो| क़तील शिफ़ाई

  • 18th Dec 2024

    घटा कह लिया करो!

    यारो ये दौर ज़ोफ़-ए-बसारत का दौर है,आँधी उठे तो उस को घटा कह लिया करो| क़तील शिफ़ाई

  • 18th Dec 2024

    सूनापन चहका चहका!

    आज मैं श्रेष्ठ हिंदी कवि श्री यश मालवीय जी का एक नवगीत शेयर कर रहा हूँ। यश जी की अधिक रचनाएं मैंने पहले शेयर नहीं की हैं। लीजिए आज प्रस्तुत है श्री यश मालवीय जी का यह गीत – अभिवादन बादल-बादलख़बर लिये वन-उपवन कीकितने आशीर्वाद लियेपहली बरखा सावन की बरस-बरस हैं घन बरसेअब की भी…

  • 17th Dec 2024

    जितने सनम हैं!

    गर चाहते हो ख़ुश रहें कुछ बंदगान-ए-ख़ास,जितने सनम हैं उन को ख़ुदा कह लिया करो| क़तील शिफ़ाई

←Previous Page
1 … 397 398 399 400 401 … 1,388
Next Page→

Blog at WordPress.com.

Privacy & Cookies: This site uses cookies. By continuing to use this website, you agree to their use.
To find out more, including how to control cookies, see here: Cookie Policy
  • Subscribe Subscribed
    • SamaySakshi
    • Join 1,143 other subscribers.
    • Already have a WordPress.com account? Log in now.
    • SamaySakshi
    • Subscribe Subscribed
    • Sign up
    • Log in
    • Report this content
    • View site in Reader
    • Manage subscriptions
    • Collapse this bar