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न यूँ ढलता हुआ देखें!
सुकूत-ए-शाम से पहले की मंज़िल सख़्त होती है,कहो लोगों से सूरज को न यूँ ढलता हुआ देखें। शहरयार
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तुझे जीवन की डोर से!
मेरे यूट्यूब चैनल के माध्यम से प्रस्तुत है मेरे स्वर में यह रोमांटिक युगल गीत- तुझे जीवन की डोर से बांध लिया है !फिल्म- असली नकली मुख्य कलाकार- देव आनंद, साधना गीतकार- हसरत जयपुरीसंगीतकार- शंकर जयकिशन गायक- लता मंगेशकर, मोहम्मद रफ़ी प्रस्तुति- श्रीकृष्ण शर्मा आशा है आपको यह पसंद आएगा, धन्यवाद । *******
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बूढ़ी माँ!
आज मैं श्रेष्ठ हिंदी कवि श्री बुद्धिनाथ मिश्र जी की एक रचना शेयर कर रहा हूँ। मिश्र जी की बहुत सी रचनाएं मैंने पहले भी शेयर की हैं। आज प्रस्तुत है श्री बुद्धिनाथ मिश्र जी का यह नवगीत- अपनी चिट्ठी बूढ़ी माँमुझसे लिखवाती हैजो भी मैं लिखता हूँवह कविता हो जाती है । कुशल-क्षेम पूरे…
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कोई अन-देखा हुआ देखें!
बहुत मुद्दत हुई ये आरज़ू करते हुए हम को,कभी मंज़र कहीं हम कोई अन-देखा हुआ देखें। शहरयार
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कुछ होता हुआ देखें!
कहाँ तक वक़्त के दरिया को हम ठहरा हुआ देखें,ये हसरत है कि इन आँखों से कुछ होता हुआ देखें। शहरयार
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हम तो निर्जन के खंडहर हैं!
आज मैं श्रेष्ठ हिंदी कवि स्वर्गीय बलबीर सिंह रंग जी की एक रचना शेयर कर रहा हूँ। रंग जी की बहुत सी रचनाएं मैंने पहले भी शेयर की हैं। आज प्रस्तुत है स्वर्गीय बलबीर सिंह रंग जी का यह गीत- हम तो निर्जन के खंडहर हैं।जीवन का साथी सूनापन,उदासीनता का आराधन;प्रिय के अधरों से चिर-बंचितवंशी…
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ग़ुलाम अली जी -चर्चा और ग़ज़लों की झलक
मेरे यूट्यूब लाइव प्रोग्राम के अंतर्गत मैंने ग़ुलाम अली जी के बारे में चर्चा की थी और उनकी गाई हुई कुछ ग़ज़लों की झलक प्रस्तुत की थी, उसकी रिकॉर्डिंग अवलोकन एवं श्रवण हेतु प्रस्तुत है – आशा है आपको यह पसंद आएगी,धन्यवाद। ********
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वक़्त ने किया क्या हसीं सितम!
मेरे यूट्यूब चैनल के माध्यम से प्रस्तुत है मेरे स्वर में यह गीत- वक़्त ने किया क्या हसीं सितम, तुम रहे न तुम, हम रहे न हम !फिल्म- प्यासा मुख्य कलाकार- गुरुदत्त, वहीदा रहमान गीतकार- कैफी आज़मीसंगीतकार- सचिन देव बर्मन गायिका- गीता दत्तप्रस्तुति- श्रीकृष्ण शर्मा आशा है आपको यह पसंद आएगा,धन्यवाद । ******