Skip to content

SamaySakshi

A sky full of cotton beads like clouds

    • 81. सरेआम अमानवीयता
    • Activity
    • Members
    • Sample Page
    • Sample Page
    • Sample Page
    • About
    • Contact
  • 29th Nov 2022

    ए ज़िंदगी, थोड़ा तो दम ले ले!

    ज़रूर एक नींद मेरे साथ ए मेहमान अ ग़म ले ले,सफ़र दरवेश है ए ज़िंदगी, थोड़ा तो दम ले ले| कैफ़ी आज़मी

  • 29th Nov 2022

    मिरे साथ जलते जलते!

    शब-ए-इंतिज़ार आख़िर कभी होगी मुख़्तसर भी, ये चराग़ बुझ रहे हैं मिरे साथ जलते जलते| कैफ़ी आज़मी

  • 29th Nov 2022

    जो कही गई है मुझ से!

    जो कही गई है मुझ से वो ज़माना कह रहा है, कि फ़साना बन गई है मिरी बात टलते टलते| कैफ़ी आज़मी

  • 29th Nov 2022

    यूँही कोई मिल गया था!

    यूँही कोई मिल गया था सर-ए-राह चलते चलते, वहीं थम के रह गई है मिरी रात ढलते ढलते| कैफ़ी आज़मी

  • 29th Nov 2022

    हमने ख़ुद-कुशी कर ली!

    वो जिनको प्यार है चाँदी से इश्क़ सोने से, वही कहेंगे कभी हमने ख़ुद-कुशी कर ली| कैफ़ी आज़मी

  • 29th Nov 2022

    नज़र मिली भी न थी और !

    नज़र मिली भी न थी और उन को देख लिया, ज़बाँ खुली भी न थी और बात भी कर ली| कैफ़ी आज़मी

  • 29th Nov 2022

    और बंदगी कर ली!

    अब आगे जो भी हो अंजाम देखा जाएगा, ख़ुदा तलाश लिया और बंदगी कर ली| कैफ़ी आज़मी

  • 29th Nov 2022

    काँटों से दोस्ती कर ली!

    मिले न फूल तो काँटों से दोस्ती कर ली, इसी तरह से बसर हम ने ज़िंदगी कर ली| कैफ़ी आज़मी

  • 29th Nov 2022

    विदागीत!

    आज मैं आधुनिक हिन्दी कविता के श्रेष्ठ कवि श्री अशोक वाजपेयी जी की एक कविता शेयर कर रहा हूँ| वाजपेयी जी की कुछ रचनाएं मैंने पहले भी शेयर की हैं| लीजिए आज प्रस्तुत है श्री अशोक वाजपेयी जी की यह कविता– भागते हैं,छूटते ही जा रहे हैं पेड़पीपल-बेर-बरगद-आम के,बिछुड़ती पग-लोटती घासें,खिसकती ही जा रही हैंरेत…

  • 28th Nov 2022

    जंगल काफ़ी है वहशत के लिए!

    बे-हिस दीवारों का जंगल काफ़ी है वहशत के लिए, अब क्यूँ हम सहरा को जाएँ अब वैसे हालात कहाँ| राही मासूम रज़ा

←Previous Page
1 … 933 934 935 936 937 … 1,388
Next Page→

Blog at WordPress.com.

Privacy & Cookies: This site uses cookies. By continuing to use this website, you agree to their use.
To find out more, including how to control cookies, see here: Cookie Policy
  • Subscribe Subscribed
    • SamaySakshi
    • Join 1,143 other subscribers.
    • Already have a WordPress.com account? Log in now.
    • SamaySakshi
    • Subscribe Subscribed
    • Sign up
    • Log in
    • Report this content
    • View site in Reader
    • Manage subscriptions
    • Collapse this bar