जंगल में दूर दूर तक!

मेरे यूट्यूब चैनल के माध्यम से आज प्रस्तुत है मेरे स्वर में निदा फाजली जी की ग़ज़ल का यह अंतिम शेर –

जंगल में दूर दूर तक दुश्मन न कोई दोस्त!

आशा है आपको यह पसंद आएगा,
धन्यवाद।
*****

2 responses to “जंगल में दूर दूर तक!”

  1. Bahut hi khoobsurat 🤍🦋✨

    Liked by 1 person

Leave a comment