मेरे यूट्यूब चैनल के माध्यम से प्रस्तुत है मेरे स्वर में यह गीत-
यह लता जी का गाया बहुत मधुर गीत है जिसमें विरहिन की वह स्थिति दर्शाई गई है कि प्रेमी के दूर हो जाने पर वह भरी दुनिया में अकेली हो जाती है।
फ़िल्म- सज़ा
गीतकार- साहिर लुधियानवी
संगीतकार- सचिन देव बर्मन
गायिका- लता मंगेशकर
प्रस्तुति- श्रीकृष्ण शर्मा
आशा है आपको यह पसंद आएगा,
धन्यवाद।
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