कहाँ आ के रुकने थे रास्ते कहाँ मोड़ था उसे भूल जा,
वो जो मिल गया उसे याद रख जो नहीं मिला उसे भूल जा|
अमजद इस्लाम अमजद
A sky full of cotton beads like clouds
कहाँ आ के रुकने थे रास्ते कहाँ मोड़ था उसे भूल जा,
वो जो मिल गया उसे याद रख जो नहीं मिला उसे भूल जा|
अमजद इस्लाम अमजद
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