ज़माने का है!

ख़ुशी से कौन भुलाता है अपने प्यारों को,

क़ुसूर इसमें ज़माने का है तुम्हारा नहीं|

क़तील शिफ़ाई

One response to “ज़माने का है!”

  1. christinenovalarue avatar
    christinenovalarue

    💛

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