
करें मिलावट फिर न क्यों व्यापारी व्यापार,
जबकि मिलावट से बने रोज़ यहाँ सरकार|
गोपाल दास नीरज
A sky full of cotton beads like clouds

करें मिलावट फिर न क्यों व्यापारी व्यापार,
जबकि मिलावट से बने रोज़ यहाँ सरकार|
गोपाल दास नीरज
बहुत सुंदर।
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