
ज़िंदगी यूं भी जली, यूं भी जली मीलों तक,
चाँदनी चार क़दम, धूप चली मीलों तक|
कुंवर बेचैन
A sky full of cotton beads like clouds

ज़िंदगी यूं भी जली, यूं भी जली मीलों तक,
चाँदनी चार क़दम, धूप चली मीलों तक|
कुंवर बेचैन
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