Category: Uncategorized
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महक उठे गांव-गांव!
आज एक बार फिर मैं मेरे अत्यंत प्रिय गीतकार स्वर्गीय किशन सरोज जी की एक रचना शेयर कर रहा हूँ। किशन जी की बहुत सी रचनाएं मैंने पहले भी शेयर की हैं। लीजिए आज प्रस्तुत है स्वर्गीय किशन सरोज जी का यह नवगीत– महक उठे गांव-गांवले पुबांव से पछांवबहक उठे आज द्वार, देहरी अँगनवा ।…
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चोटी के कवि!
अपने यूट्यूब चैनल के माध्यम से मैं आज अपने स्वर में काका हाथरसी जी की एक छोटी सी कविता ‘चोटी के कवि’ प्रस्तुत कर रहा हूँ- आशा है आपको यह पसंद आएगी,धन्यवाद । ******
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इमामत क्या करेंगे!
लगाएँ जो सरों की बाज़ियाँ ये काम उन का है,इमामत क्या करेंगे झुक के पानी माँगने वाले। मंज़र भोपाली
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चांद को क्या मालूम!
अपने यूट्यूब चैनल के माध्यम से आज मैं मुकेश जी का गाया ‘लाल बंगला’ फिल्म का यह गीत अपने स्वर में प्रस्तुत कर रहा हूँ जिसे गुलशन बावरा जी ने लिखा था और उषा खन्ना जी ने इसका संगीत दिया था- चांद को क्या मालूम चाहता है उसे कोई चकोर! आशा है आपको यह पसंद…
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कहानी माँगने वाले!
कोई तख़्लीक़ हो ख़ून-ए-जिगर से जन्म लेती है,कहानी लिख नहीं सकते कहानी माँगने वाले। मंज़र भोपाली