सुकूत-ए-शाम* से पहले की मंज़िल सख़्त होती है,
कहो लोगों से सूरज को न यूँ ढलता हुआ देखें|
*Silence of Evening
शहरयार
A sky full of cotton beads like clouds
सुकूत-ए-शाम* से पहले की मंज़िल सख़्त होती है,
कहो लोगों से सूरज को न यूँ ढलता हुआ देखें|
*Silence of Evening
शहरयार
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