रिश्ता-ए-नाज़ को जाना भी तो तुम से जाना,
जामा-ए-फ़ख़्र पहनना भी तुम्ही से सीखा।
ज़ेहरा निगाह
A sky full of cotton beads like clouds
रिश्ता-ए-नाज़ को जाना भी तो तुम से जाना,
जामा-ए-फ़ख़्र पहनना भी तुम्ही से सीखा।
ज़ेहरा निगाह
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