होना हो तो ऐसा हो!

दरिया ब-हुबाब-अंदर तूफ़ाँ ब-सहाब-अंदर,
महशर ब-हिजाब-अंदर होना हो तो ऐसा हो|

इब्न-ए-इंशा

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