
ख़ार-ओ-ख़स तो उठें रास्ता तो चले,
मैं अगर थक गया क़ाफ़िला तो चले|
कैफ़ी आज़मी
A sky full of cotton beads like clouds

ख़ार-ओ-ख़स तो उठें रास्ता तो चले,
मैं अगर थक गया क़ाफ़िला तो चले|
कैफ़ी आज़मी
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