
माँ बैठ के तकती थी जहाँ से मिरा रस्ता,
मिट्टी के हटाते ही ख़ज़ाने निकल आए|
मुनव्वर राना
A sky full of cotton beads like clouds

माँ बैठ के तकती थी जहाँ से मिरा रस्ता,
मिट्टी के हटाते ही ख़ज़ाने निकल आए|
मुनव्वर राना
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