
हर इक दुआ के मुक़द्दर में कब हुज़ूरी है,
तमाम ग़ुंचे तो ‘अमजद’ खिला नहीं करते|
अमजद इस्लाम अमजद
A sky full of cotton beads like clouds

हर इक दुआ के मुक़द्दर में कब हुज़ूरी है,
तमाम ग़ुंचे तो ‘अमजद’ खिला नहीं करते|
अमजद इस्लाम अमजद
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