
शम्अ’ जिस आग में जलती है नुमाइश के लिए,
हम उसी आग में गुमनाम से जल जाते हैं|
क़तील शिफ़ाई
A sky full of cotton beads like clouds

शम्अ’ जिस आग में जलती है नुमाइश के लिए,
हम उसी आग में गुमनाम से जल जाते हैं|
क़तील शिफ़ाई
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