
घर वही, तुम वही, मैं वही, सब वही,
और सब कुछ है वातावरण खो गया|
रामावतार त्यागी
A sky full of cotton beads like clouds

घर वही, तुम वही, मैं वही, सब वही,
और सब कुछ है वातावरण खो गया|
रामावतार त्यागी
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