
दुनिया को दूसरों की नज़र से न देखिये,
चेहरे न पढ़ सके तो किताबों में क्या मिले|
वसीम बरेलवी
A sky full of cotton beads like clouds

दुनिया को दूसरों की नज़र से न देखिये,
चेहरे न पढ़ सके तो किताबों में क्या मिले|
वसीम बरेलवी
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