
अपने जंगल से जो घबरा के उड़े थे प्यासे,
हर सराब उन को समुंदर नज़र आया होगा|
कैफ़ी आज़मी
A sky full of cotton beads like clouds

अपने जंगल से जो घबरा के उड़े थे प्यासे,
हर सराब उन को समुंदर नज़र आया होगा|
कैफ़ी आज़मी
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